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आम नागरिकों को मिली बड़ी सुविधा
ओला कैब का अब एम्बुलेंस सेवा के रूप में किया जायेगा उपयोग
अस्पताल आने-जाने के लिये होगी बुकिंग
कलेक्टर श्री मनीष सिंह ने इस सेवा की शुरुआत की – मानवता की सेवा में समर्पित भाव से कार्य करने के दिये निर्देश
इंदौर. इंदौर जिले में कोरोना वायरस से उत्पन्न स्थिति से निपटने के लिये हर कोई अपने-अपने स्तर पर अपना योगदान दे रहा है। इसी क्रम में अब ओला कैब भी महत्वपूर्ण योगदान के लिये सहयोग कर रहा है। कलेक्टर श्री मनीष सिंह की पहल पर जिले में ओला कैब का एम्बुलेंस के रूप में उपयोग करने का निर्णय लिया गया है।
जिला कलेक्टर श्री मनीष सिंह ने आज से ओला एंबुलेंस सेवा की शुरुआत की है। इसके माध्यम से शहर में 50 नई ओला कैब एम्बुलेंस उपलब्ध हो गई है। इन एंबुलेंसेज़ के द्वारा मुख्यतः ग्रीन श्रेणी वाले अस्पतालों से यलो श्रेणी के अस्पताल में मरीजों को शिफ्ट किया जाएगा। इसके अतिरिक्त इस सुविधा का उपयोग ऐसे व्यक्ति जो घर से अस्पताल में इलाज अथवा परामर्श के लिए जाना चाहते हैं, पर उनके पास साधन नहीं कर सकेंगे।
कलेक्टर श्री मनीष सिंह ने इस सेवा की शुरुआत नेहरू स्टेडियम से की। इस अवसर पर उन्होंने समस्त ओला ड्राइवर का मार्गदर्शन किया एवं उनकी सुरक्षा संबंधी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सभी ड्राइवर्स को पीपीई किट उपलब्ध कराई गई है तथा उन्हें स्वयं की सुरक्षा तथा गाड़ी का सही सैनिटाइजेशन करने की ट्रेनिंग दी गई है।
उन्होंने कहा कि इससे इंदौर में एम्बुलेंस सेवा का विस्तार होगा। एम्बुलेंस की कमी नहीं रहेगी। समस्त ओला ड्राइवर भी इस सामाजिक कार्य को लेकर उत्साहित हैं। कलेक्टर श्री सिंह ने बताया कि कोरोना संक्रमण मैं लगातार हो रही वृद्धि से जनता घबराएं नहीं क्योंकि अभी यह पीक का समय है और अनुमान है कि संक्रमित आंकड़ों में अब तेजी से गिरावट आएगी। उन्होंने बताया कि कोविड पॉजिटिव पाए गए सभी मरीज हाई रिस्क जोन के थे जो फर्स्ट कांटेक्ट हिस्ट्री एवं संदिग्ध मरीजों की सूची में शामिल थे।
जिला प्रशासन पूर्ण रूप से तैयार है तथा अस्पताल की केपेसिटी भी पर्याप्त है। कलेक्टर श्री मनीष सिंह ने कहा कि मानवता की सेवा में समर्पित भाव से कार्य किया जाये। श्री मनीष सिंह ने यह बात ओला कैब के प्रतिनिधियों से चर्चा के दौरान नेहरू स्टेडियम में कही। उन्होंने कहा कि यह संकट का समय है। हम सबको मिलजुलकर टीम भावना से काम करना है।
मरीजों के लाने-ले जाने के लिये एम्बुलेंस के रूप में ओला कैब काम करें। वे यात्रियों से अच्छा व्यवहार करें। गाड़ी को हर घंटे सेनेटाइज करें और एसी नहीं चलाये। कई बार मरीज को अस्पताल से लाना और ले जाना पड़ता है और कई बार एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल में शिफ्ट करना पड़ता है।
0731-2363009 नंबर पर कॉल कर बुक कर सकेंगे ओला एंबुलेंस
ऐसे व्यक्ति जिन्हें किसी चिकित्सकीय परामर्श की आवश्यकता है तथा साधन की अनुपलब्धता के कारण वे अस्पताल तक नहीं पहुंच सकते, उनके लिए ओला एंबुलेंस की सुविधा मिलेगी। वे 0731 -2363209 नंबर पर कॉल कर ओला एंबुलेंस बुक कर सकेंगे। ओला कैब मोबाइल एप से भी बुक होगी।
ओला एंबुलेंस सुविधा के प्रभारी श्री चंद्रमौली शुक्ला ने बताया कि कंट्रोल रूम के द्वारा ओला एंबुलेंस की ट्रेकिंग की जाएगी तथा अस्पताल के अतिरिक्त किसी भी अन्य स्थान के लिए ओला कैब बुक नहीं की जा सकेगी।ओला कैब मोबाइल एप से भी बुक होगी। इसके मालिक श्री विभोर श्रीवास्तव हैं। इसके इमरजेंसी नम्बर 0731-4853949 है। ओला कैब सूरत, मुम्बई, पुणे, जबलपुर और भोपाल में एम्बुलेंस टैक्सी के रूप में काम कर रही है।
जिले में कोरोना वायरस मरीज की तलाश की जा रही है। सेम्पलिंग का कार्य किया जा रहा है। सेम्पलिंग की जांच रिपोर्ट अब जल्द आ जायेगी। कोरोना मरीजों का इलाज अरविंदो अस्पताल, चोइथराम अस्पताल और मनोरमा राजे क्षय अस्पताल में किया जा रहा है। जिले में खजराना, चंदन नगर और रानीपुरा क्षेत्र में विशेष निगरानी रखी जा रही है। कोरोना के इलाज के लिये जिले में रेड और येलो केटेगरी के 3 हजार बेड हैं। इसी प्रकार संदिध मरीजों को होटल और होस्टल में कोरेंटाइन किया जा रहा है। इसे रोकने के लिये पूरे शहर का सेनेटाजेशन किया जा रहा है और घर-घर सर्वे कर संभावित कोरोना मरीजों की सेम्पलिंग की जा रही है।


